30 October, 2010

अब नहीं भेजते ग्रीटिंग

कटनी /
त्योहारों के आगमन होते ही अपने प्रियजनों को भेजे जाने वाले शुभकामना सन्देश  यानि ग्रीटिं  कार्ड का चलन इन दिनों सूचना क्रांति के रूप में मोबाईल व कम्पुटर के बेतहाशा उपयोग की वजह से कम हो गया है. जिसकी वजह से गिफ्ट  सेंटरों में ग्रीटिंग कार्ड की मौजूदगी कम ही दिखाई दे रही है.
बदलते परिवेश व आधुनिकीकरण की वजह से सब कुछ हाईटेक होता जा रहा है. संचार की विभिन्न सुविधा होने  की वजह से अब ग्रीटिंग कार्डो के मध्यम  से शुभकामनाये देने वालो की कमी बढती  जा रही है. अन्यथा पूर्व में शुभ अवसरों पर प्रियजनों को शुभकामना सन्देश  देने के लिए एक से बढ़कर एक आकर्षक ग्रीटिंग कार्ड खरीदने के लिए लोगो की काफी भीड़ उमड़ती थी और दुकानदार भी ग्रीटिंग पर अच्छी  खासी कमाई  कर लेते थे किन्तु मोबाईल एवं कम्पुटर के बढ़ते चलन से ग्रीटिंग की चमक फीकी पड़ने लगी है, हालाकि दिवाली पर्व को देखते हुए शहर  की दुकानों में ग्रीटिंग कार्ड सज गए है किन्तु ग्राहकों की कमी दुकानदारो को खल रही है,
मोबाईल का चलन  इस कदर बढ़ चुका है की लोग मोबाईल के माध्यम से अपने प्रियजनों की हर गतिविधि से वाकिफ हो जाते है और वे अपने प्रियजनों को शुभकामनाये फोन  व एस एम् एस से दे देते है, जिसकी वजह से ग्रीटिंग का चलन अब कम होता जा रहा है.