13 December, 2010

.........ताकि बेरोजगारों के साथ फिर अन्याय न हो सके.

जनपद पंचायत रीठी में महात्मा गाँधी रोजगार गारंटी योजना के अंतर्गत ग्राम रोजगार सहायक संविदा भरती हेतु तत्कालीन सी ई ओ सुरेश कुमार झारिया ने जमकर फर्जीवाडा कर सैकड़ो बेरोजगार युवक-युवतियों से लाखो रूपये बतौर रिश्वत बसूल किये एवं योग्य उम्मेदवारो  को रोजगार के अवसर से वंचित कर अयोग्य व्यक्तियों का चयन किया गया है.

ग्राम पंचायत घनिया से इस पद के लिए आवेदन देने वालो में से एक शैलेश कुमार चौरसिया ने कलेक्टर, एस पी, पंचायत मंत्री, मुख्य मंत्री  सभी को  तब से लेकर अब तक दर्जनों शिकायते की है लेकिन आज दिनांक तक कोई कार्रवाही नहीं की गई.

शैलेश चौरसिया ने एक बार फिर कटनी कलेक्टर तथा  एस पी से मांग की है की जैसे अनूपपुर में संविदा शिक्षको की भरती में भ्रष्टाचार के चलते दोषी सी ई ओ के विरुद्ध कार्रवाई कर गिरफ्तारिया की है उसी तरह रीठी 
 जनपद में भी सी ई ओ सुरेश झारिया  के ज़माने में हुए भ्रसटाचार की जाँच होनी चाहिए एवं परदे के पीछे  कार्य करने वाले मस्टर माइंड गिरोह पर तथा नियुक्त किये गए फर्जी अंकसूची धारको के खिलाफ भी कार्रवाई की जानी चाहिए ताकि भविष्य में बेरोजगार युवक युवतियों के साथ  फिर अन्याय न हो सके.
 गौरतलब है की ग्राम रोजगार सहायक भरती प्रक्रिया में अभी भी आठ मामले कोर्ट में चल रहे है तथा शेष चयनित आवेदकों की अंकसूचियो के फर्जी होने की चर्चाये क्षेत्र में जोर शोर से चल रही है.